RAMP योजना से बदली चिरमिरी के युवाओं की तस्वीर, 15 दिवसीय प्रशिक्षण का हुआ सफल समापन।

चिरमिरी (एमसीबी)। यदि हुनर को सही दिशा और अवसर मिल जाए तो सफलता की नई इबारत लिखी जा सकती है। कुछ ऐसा ही देखने को मिला चिरमिरी के डोमनहिल स्थित नीलचक्र विद्यापीठ में, जहां राज्य उद्योग विभाग, CSIDC एवं क्रियान्वयन एजेंसी चॉइस कंसल्टेंसी प्राइवेट लिमिटेड के संयुक्त तत्वावधान में संचालित RAMP योजना के अंतर्गत 15 दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का 1 जून को सफलतापूर्वक समापन हुआ।

इस प्रशिक्षण ने युवाओं और उद्यमियों को केवल व्यवसाय की बारीकियां ही नहीं सिखाईं, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार करने की नई प्रेरणा भी दी। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को डिजिटल मार्केटिंग, नवाचार, गुणवत्ता सुधार, पैकेजिंग एवं ब्रांडिंग, तथा MSME क्षेत्र के लिए शासन द्वारा उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न आर्थिक सहायता योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर चॉइस कंसल्टेंसी प्राइवेट लिमिटेड के मास्टर ट्रेनर आशीष शर्मा एवं जिला समन्वयक अभय द्विवेदी ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि RAMP योजना का उद्देश्य केवल MSMEs की क्षमता बढ़ाना नहीं है, बल्कि उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार की प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करना भी है।

उन्होंने कहा कि आज के दौर में तकनीक, नवाचार और ब्रांडिंग ही सफलता की असली कुंजी हैं, और यह योजना इन्हीं पहलुओं को मजबूत करने का कार्य कर रही है।
प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रतिभागियों में भी जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। उनका कहना था कि इस कार्यक्रम से उन्हें व्यवसाय को आधुनिक तरीके से संचालित करने की नई समझ मिली है, जिससे भविष्य में रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
कुल मिलाकर, RAMP योजना चिरमिरी के युवाओं के लिए सिर्फ एक प्रशिक्षण कार्यक्रम नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता, उद्यमिता और उज्ज्वल भविष्य की ओर बढ़ाया गया एक मजबूत कदम साबित हो रही है। अब उम्मीद की जा रही है कि यहां से प्रशिक्षित युवा अपने हुनर और नवाचार के दम पर स्थानीय स्तर से लेकर वैश्विक बाजार तक अपनी अलग पहचान बनाएंगे।
“हुनर को मिली पहचान, रोजगार को मिला नया आयाम — RAMP योजना बन रही युवाओं के सपनों की उड़ान।” ✨📰




